List Of Festivals In October

महात्मा गांधी जी का जन्म 2 अक्टूबर, 1869 ई में गुजरात के पोरबन्दर शहर में हुआ था। गांधी जी के माता-पिता पूर्णतः हिन्दू धर्म को मानते थे। इनके पिता जी का नाम करमचंद गांधी था। जबकि माता का नाम पुतलीबाई था।

वेदों, पुराणों एवम शास्त्रों के अनुसार वर्ष के प्रत्येक माह में कृष्ण पक्ष की अष्ठमी को कालाष्टमी मनाई जाती है। तदनुसार 2 अक्टूबर 2018 को कालाष्टमी है। कृष्ण पक्ष की अष्टमी को कालाष्टमी या भैरवाष्टमी के रूप मनाया जाता है।

हिन्दू पंचांग के अनुसार आश्विन माह की पूर्णिमा को शरद एकादशी कहते है। इस एकादशी को कोजगरा पूर्णिमा अथवा रास पूर्णिमा भी कहा जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार शरद पूर्णिमा की रात्रि में चन्द्रमा सोलह कलाओं से पूर्ण होता है।

आश्विन माह में कृष्ण पक्ष की एकादशी को इंदिरा एकादशी कहा जाता है। धार्मिक ग्रंथों के अनुसार आश्विन माह की कृष्ण पक्ष की एकादशी को इंदिरा एकादशी मनाई जाती है।तदनुसार इस वर्ष  5 अक्टूबर 2018 को इंदिरा एकादशी मनाई जाएगी। 

वेदों, पुराणों एवम शास्त्रों के अनुसार वर्ष के प्रत्येक माह के दोनों पक्षों की त्रयोदशी को प्रदोष व्रत मनाया जाता है। तदनुसार, अश्विन माह में कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी 6 अक्टूबर 2018 को प्रदोष व्रत मनाया जाएगा।

7 अक्टूबर 2018 को मासिक शिवरात्रि है। हिन्दू धर्म में मासिक शिवरात्रि का भी विशेष महत्व है। जहाँ वर्ष में एक महाशिवरात्रि मनाया जाता है वही वर्ष के प्रत्येक महीने में एक मासिक शिवरात्रि मनाया जाता है।

हिन्दू धर्म में नवरात्रि एक अति पावन पर्व है जो चैत्र तथा अश्विन माह में मनाई जाती है। नवरात्रि एक संस्कृत शब्द है जिसका तात्पर्य नौ रातें होती है। नवरात्रि के नौ रातें तथा दस दिनों के दौरान माता शक्ति की पूजा की जाती है।

धार्मिक धारणा है की हिन्दू धर्म में भगवान श्री गणेश की पूजा से प्रत्येक शुभ कार्य आरम्भ किया जाता है। भगवान गणेश जी को विघ्नहर्ता भी कहा जाता है। सनातन धर्म में 24 दिन ऐसे होते है जो पूर्णतः भगवान गणेश की आराधना के लिए समर्पित है। 

हिन्दू धर्म में दुर्गापूजा और दुर्गाष्टमी का बड़ा महत्व है। दुर्गापूजा आश्विन माह में मनाया जाता है जबकि मासिक दुर्गाष्टमी प्रत्येक माह में शुक्ल पक्ष की अष्टमी को होती है। इसे मासिक दुर्गाष्टमी या मास दुर्गाष्टमी कहते है। 

मध्वाचार्य जी का जन्म 1238 ई में हुआ था। ये तत्काल भारत में भक्ति आंदोलन के महत्वपूर्ण दार्शनिकों में से एक थे। मध्वाचार्य जी आनन्दतीर्थ और पूर्णप्रज्ञ के नाम से प्रसिद्ध है। जबकि मध्वाचार्य जी तत्ववाद के प्रवर्तक थे। 

वेदों, पुराणों एवम शास्त्रों के अनुसार आश्विन माह की शुक्ल पक्ष की एकादशी को पापाकुंशा एकादशी मनाई जाती है। तदनुसार इस वर्ष 20 अक्टूबर 2018 की तिथि को पापाकुंशा एकादशी मनाई जाएगी। 

वेदों, पुराणों एवम शास्त्रों के अनुसार वर्ष के प्रत्येक माह के दोनों पक्षों की त्रयोदशी को प्रदोष व्रत मनाया जाता है। तदनुसार, कार्तिक माह में कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी 22 अक्टूबर 2018 को प्रदोष व्रत मनाया जाएगा।

धार्मिक ग्रंथों के अनुसार आश्विन माह की पूर्णिमा को कोजागरा व्रत मनाई जाती है। इसे लक्ष्मी पूजा भी कहते है। कोजागरा व्रत पूर्णिमा तिथि को मनाई जाती है। तदनुसार इस वर्ष 23 अक्टूबर 2018 को कोजागरा व्रत मनाया जाएगा।

वैदिक काल में महान ऋषियों में प्रमुख स्थान प्राप्त करने वालों में महर्षि वाल्मीकि क भी स्थान आता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार आश्विन माह की पूर्णिमा को महर्षि वाल्मीकि जयंती मनाई जाती है।

कृष्ण भक्त और कवियत्री मीराबाई का जन्म राजस्थान, जोधपुर के मेड़ता परिवार में 1504 ई में हुई थी। इनके पिता जी का नाम रतन सिंह था जो मेड़ता महाराज के छोटे भाई थे। 

तमिल पंचांग के अनुसार वर्ष के प्रत्येक माह में मासिक कार्तिगाई मनाया जाता है। तदनुसार, सितंबर माह में 26 अक्टूबर 2018  को मासिक कार्तिगाई मनाई जाएगी। 

वेदों, पुराणों एवं शास्त्रों के अनुसार कार्तिक मास में कृष्ण पक्ष की चतुर्थी को करवा चौथ का व्रत मनाया जाता है। तदनुसार, इस वर्ष 27 अक्टूबर 2018 को करवा चौथ मनाया जायेगा। यह पर्व पुरे भारत वर्ष में मनाया जाता है। 

धार्मिक धारणा है की हिन्दू धर्म में भगवान श्री गणेश की पूजा से प्रत्येक शुभ कार्य आरम्भ किया जाता है। भगवान गणेश जी को विघ्नहर्ता भी कहा जाता है। सनातन धर्म में 24 दिन ऐसे होते है जो पूर्णतः भगवान गणेश की आराधना के लिए समर्पित है। 

हिन्दू धार्मिक ग्रंथों के अनुसार कार्तिक माह की कृष्ण पक्ष की अष्टमी को अहोई अष्टमी मनाई जाती है। तदनुसार इस वर्ष 31 अक्टूबर 2018 को अहोई अष्टमी मनाई जाएगी। अहोई व्रत को अहोई आठे व्रत के नाम से भी जाना जाता है।